तो समझ जाओ जिंदगी बोहोत कुछ सीखा रही है…!
खुला आसमान है, फिर भी हम कैद से लगते हैं,
जैसे सदियों से तेरे ऊपर कोई बोझ थे हम…!!
इशारे से कहा हम दिल का ऐसा हाल करते हैं…!
ਮੋਹ ਮਾਇਆ ਵੱਲ ਨਹੀਂ ਰੱਬਾ ਤੂੰ ਆਪਣੇ ਵੱਲ ਖਿੱਚ
हर सुबह तुम्हारे मैसेज का इंतज़ार रहता है,
खाकर ठोकर ज़माने की, फिर लौट आए मैखाने में,
अकेलेपन पर शायरी लिखने के लिए अपने दिल की तन्हाई, खामोशी और दर्द को सरल शब्दों में व्यक्त करें।
फिर सब वैसा ही होगा, जैसी ये ज़मीं होगी।
बस खुद को ही समझाती रहती है— “सब ठीक हो जाएगा।”
और ज़िंदगी का हर दर्द… चेहरे पर दिखा भी नहीं करता।
दर्द तो तब हुआ… जब पता चला तीर चलाने Sad Shayari in Hindi वाले अपने ही निकले।
सच कहूँ तो अब अकेले रहने में ही सुकून है,
मुझे वहाँ से समझो… जहाँ मैं ख़ामोश हो जाता हूँ,